लगातार हो रही भारी बारिश की वजह से ग्रामीण इलाकों में तबाही की तस्वीरे सामने आ रही है। प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्र में बसे टिमली गाँव में इस बार कुदरत ने बड़ा कहर बरपाया है।
जहां एक और सरकारी आवास योजनाओं का लाभ गरीब तबके को लगातार मिल रहा है…वही ताज्जुब की बात यह है की इस गांव में आधे से ज्यादा आबादी आज भी कच्चे मकानो में रहती है।
भारी बारिश की वजह से बीते कुछ दिनों में बड़े पैमाने पर यहाँ कच्चे मकान धराशाही हो गए।
कच्चे मिट्टी के घरों में रहने वाले ये लोग रोजाना खौफ के साए में जी रहे हैं।
तेज़ बारिश की वजह से मिट्टी से बने ये कच्चे घर रोजाना धराशाही हो रहे है।
बीते 10 दिन में 20 से अधिक कच्चे मकान इस गांव में ज़मीदोज हो चुके हैं।
अचानक गिरते हुए इन घरों से लोग अपना कीमती सामान भी नहीं बचा सके।
कुदरत के कहर की चपेट में आकर बेघर हुए लोगो ने अपने पड़ोसी और रिश्तेदारों के यहां शरण ली हुई है।
सूचना मिलते ही स्थानीय लेखपाल ने मौके का मुआयना करते हुए नुकसान का आकलन तो किया है लेकिन फोरी तौर पर प्रशासन इन ग्रामीणों को राहत देने में नाकाम साबित हो रहा है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द राहत देने की गुहार लगाई है… ग्रामीणों की मांग है कि सरकारी आवास योजना के तहत उन्हें तत्काल पक्के आवास भी मिल जाए।

