मंगलवार को लोक निर्माण विभाग के सचिव पंकज पांडे ने विभागीय अधिकारियों के साथ मसूरी-देहरादून मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने शिव मंदिर के पास बने अस्थायी वैली ब्रिज की स्थिति को परखा और क्षतिग्रस्त सड़कों का भी जायज़ा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अक्टूबर माह के अंत तक सभी मरम्मत कार्य पूरे कर लिए जाएं, ताकि पर्यटकों और स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
सचिव पंकज पांडे ने निर्देश दिए कि सड़क पर जगह-जगह जमा मलबे और पत्थरों को एक सप्ताह के भीतर पूरी तरह हटा लिया जाए। उन्होंने कहा कि मार्ग की स्थिति को सामान्य करना विभाग की सर्वाेच्च प्राथमिकता है, खासकर आगामी त्योहारों और पर्यटन सीजन को ध्यान में रखते हुए।
सचिव ने बताया कि विभाग ने शिव मंदिर के पास एक वैली ब्रिज बनाकर फिलहाल यातायात बहाल कर दिया है। लेकिन इस स्थान पर एक स्थायी पुल का निर्माण भी प्रस्तावित है, जिसका डिज़ाइन और डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) अक्टूबर माह के भीतर तैयार कर ली जाएगी। इसके बाद निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
आपदा के चलते मसूरी में पर्यटन पर भी असर पड़ा है। होटल, टैक्सी यूनियन और अन्य व्यवसायिक प्रतिष्ठानों ने नुकसान की बात कही है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही सड़कें और पुल दुरुस्त होंगे, मसूरी फिर से पर्यटकों से गुलजार होगा।
बता दे कि 16 सितंबर को मसूरी-देहरादून मार्ग पर कुदरत का कहर टूटा तो शहर से संपर्क का एकमात्र पुल भी बह गया था कई स्थानों पर भारी भूस्खलन, मलबा और चट्टानों के कारण मार्ग पूरी तरह ठप हो गया था। करीब दो दिनों तक मसूरी से देहरादून का सीधा संपर्क टूटा रहा। सैकड़ों पर्यटक और स्थानीय लोग फंसे रहे। ऐसे में अब राहत भरी खबर है कि वैकल्पिक व्यवस्था के तहत वैली ब्रिज बनाकर आवागमन शुरू कर दिया गया है और जल्द ही स्थायी पुल व सड़क मरम्मत का काम भी पूरा कर लिया जाएगा।

